Sunday 1 March 2009

जयकांत मिश्रक जायब


जयकांत मिश्र लेल मिथिलाक दधीचि कहब कम होयत. जयकांतक पर्याय मात्र जयकांत भ'सकैछ. इलाहबाद में रहितो मैथिली आ मिथिलाक लेल हुनक अनवरत संघर्ष सदति आदर्श रहत.
नव पीढी में मायिक भाषा आ मायिक भूमि लेल अनुराग, सम्मान आ गौरवक भाव भरल रहय तखने एहेन विभूतिक ह्रदय जुडा सकत.

2 प्रतिक्रिया भेटल:

  1. jaykant jee ker kaj ke tatka peerhi dwara aaga barhebak jarurati achhi!

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  2. Bahut dukhad samachar achhi......................hunak BRIHAT MAITHILI SHABDAKOSH purna prakashit bhelanhi ki nahi ?

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